चारधाम यात्रियों के लिए बड़ी खबर,श्रद्धालुओं के सैलाब को देखते हुए दर्शनों की अवधि पांच घंटे बढ़ाई गई,
केदारनाथ – केदारनाथ मंदिर में दर्शनों की अवधि पांच घंटे बढ़ी,
अब श्रद्धालु रात 10:30 बजे तक कर सकेंगे बाबा केदार के दर्शन
केदारनाथ मंदिर में दर्शनों की अवधि पांच घंटे बढ़ाई गई,
पहली पारी में दो घंटे और दूसरी में तीन घंटे मंदिर में दर्शनों की अवधि बढ़ाई गई,
पूर्व में सुबह छह से दोपहर बाद तीन बजे और शाम पांच से रात 8:30 बजे तक होते थे दर्शन,
केदारनाथ धाम में उमड़ रहे श्रद्धालुओं के सैलाब को देखते हुए दर्शनों की अवधि पहली पारी में दो और दूसरी में तीन घंटे बढ़ा दी गई,
दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक धाम के कपाट बंद रहेंगे,
केदारनाथ बदरीनाथ जाना है और मई जून में ही जाना है
केदारघाटी एक बेहद छोटा सा गांव है जिसकी कुल क्षमता 10000 लोंगो की है।
वहां अधिकतम एक रात में 10000 लोगों के रुकने की व्यवस्था है इतने ही लोगों के भोजन की व्यवस्था हो सकती है।
लेकिन 6 मई को कपाट खुलने के पहले दिन ही सुबह गौरीकुंड तक 20000 लोग पहुंच गए ।
इस भीड़ को प्रशासन को नियंत्रित करने में पसीना आ गया।और लोगो को गौरीकुंड में ही रोक दिया गया। 7 मई की रात को केदारघाटी की हालत ये थी कि एक भी होटल, गेस्टहाउस, धर्मशाला में एक भी कमरा नही था।
छोटे छोटे होटल्स के कमरे 12000 रुपये / रूम पर नाईट तक मे बिक गए।
लोग खुले आसमान के नीचे 2℃ में अलाव के भरोसे सोए और खाने-पीने की व्यवस्था चरमरा गई।
अब तो पूरी दुनिया को पता है कि पारिस्थितिक रूप से ये बहुत नाजुक इलाका है,
2013 के वो 48 घंटे कोई भुला नही होगा।ये बात लोग क्यों नही समझ रहे, ये समझ नही आ रहा कि सबको कपाट खुलते ही 5 किलोमीटर की लाइन लगा के ही दर्शन क्यों करने है जबकि अभी मंदिरों के कपाट 6 महीने ओर खुले रहेंगें।
क्या दो महीने बाद बाबा केदार वहां नही रहेंगे या सितम्बर – अक्टूबर में बाबा के दर्शन करेंगे तो पुण्य नही मिलेगा….
अक्टूबर माह में यात्री थोड़ा कम आते है, आपको वहां हज़ार लोग भी नही मिलेंगे तब आपको दर्शन अच्छे से हो जाएंगे
अभी व्यवस्था सीमित है इतना ही नही अभी न होटल तक खाली नही है, ना टैक्सी ना हेलीकॉप्टर…लेकिन जाना सबको मई जून में ही जाना है
मई जून में ही केदारनाथ बद्रीनाथ जाऊंगा ये ज़िद्द बहुत भारी पड़ सकती है, बहुत भारी …
7 मई का केदारनाथ में भयंकर भीड़ का एक वीडियो पोस्ट के साथ संलग्न है…⤵️

