देहरादून लिटरेचर फेस्टिवल में मुख्यमंत्री धामी ने दून इंटरनेशनल स्कूल में वेणु आग्रहरी ढींगरा की पुस्तक “लीडिंग लेडीज” का किया विमोचन।
देहरादून– राजधानी देहरादून में देहरादून लिटरेचर फेस्टिवल के दूसरे दिन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी दून इंटरनेशनल स्कूल पहुंचे जहां उन्होंने वेणु आग्रहरी ढींगरा की पुस्तक “लीडिंग लेडीज” का विमोचन किया। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने लिटरेचर फेस्टिवल के आयोजको को शुभकामनाएं देते हुए लीडिंग लेडिज पुस्तक की लेखिका की जमकर तारीफ की उन्होंने कहा कि उन्हें लगता है कि इस तरह की पुस्तक की एक सीरीज जरूर होनी चाहिए क्योंकि उत्तराखंड में महिलाओं का जीवन के बारे में सभी लोगों को जानना बेहद जरूरी है कि किस तरह वह अपना जीवन जीतीं हैं।
कठिन परिस्थितियों में रहती हैं उत्तराखंड की महिलाएं
दून लिटरेचर फेस्टिवल के दूसरे दिन पहले सेशन की शुरुआत में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा “लीडिंग लेडिज” पुस्तक के विमोचन के साथ हुई इससे पहले पुस्तक की लेखिका और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के साथ एक संवाद कार्यक्रम भी हुआ जिसमें मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड की महिलाओं का जीवन काफी कठिन होता है उन्होंने अपने जीवन के बारे में बात करते हुए बताएं कि उन्होंने अपनी मां को देखा है कि किस तरह उन्होंने अपने जीवन में संघर्ष किया है और राज्य की तमाम महिलाएं काम के साथ-साथ अपने बच्चों को भी संभालती है और अपने पालतू जानवरों के साथ अपने घरों की देखभाल करती है।
पीएम की तरह प्रदेश की कर रहा हूं सेवा-सीएम
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने संवाद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की भी जमकर तारीफ की उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जिस तरह अपनी दिनचर्या में सारा समय जनता के लिए काम में निकाल देते हैं उन्हीं से प्रेरणा लेकर वह भी प्रदेश में काम कर रहे हैं उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तराखंड में आकर कहा था कि अगला दशक उत्तराखंड का दर्शन होगा जो उनकी दूरगामी सोच थी। साथी उन्होंने कहा कि जब भी उन्हें प्रधानमंत्री की यह लाइन याद आती है तो उन्हें लगता है कि उत्तराखंड को आगे बढ़ाने में महिलाओं का विशेष योगदान रहेगा।
राज्य की महिलाओं के जीवन पर लिखी जाए पुस्तक
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने द्वारा गोद लिए गए सारकोट गांव का भी जिक्र किया जिसमें उन्होंने बताया कि आज सारकोट की महिलाएं एक विशेष मॉडल पर काम कर रही है और अपनी आजीविका चला रही है सीएम धामी ने लेखक वेणु अग्रहरि ढींगरा को भी सारकोट गांव जाने का आग्रह किया उन्होंने कहा कि सारकोट गांव जाकर उन्हें एक और पुस्तक लिखने की प्रेरणा जरूर मिलेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें लगता है कि उत्तराखंड के पर्वरतीय क्षेत्रों में जो महिलाएं रहती हैं उनके जीवन में कितनी कठिनाई आती है उसे दुनिया को दिखाना जरूरी है और वह महिलाएं किस तरह से काम करती है उसे भी दुनिया के सामने लाने की जरूरत है।
बिहार चुनाव की जीत को बताया सुसाशन की जीत
देहरादून लिटरेचर फेस्टिवल में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देश की राजनीति और बिहार चुनाव पर विचार रखें उन्होंने कहा कि राजनीति में पॉलिसी बनाई जाती है प्रोग्राम होते हैं और उसी के तहत काम किया जाता है और आज के समय में जनता उसी को सत्ता में लाती है जो काम करता है। उन्होंने कहा कि बिहार में चुनाव प्रचार के दौरान जब वह गए तो वहां डबल इंजन की सरकार ने जो विकास किया उसे विकास को विपक्षी दल मजाक बता रहे थे लेकिन बिहार की जनता ने परिवारवाद और भ्रष्ट लोगों को अपना जवाब दे दिया है।
संस्कृति को आगे बढ़ाने के पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने संवाद के दौरान कहा कि राज्य कई ऐसी परंपरा है जिनको आगे बढ़ने का काम सरकार कर रही है इसमें राज्य के कई सांस्कृतिक और पारंपरिक पहलू भी है उन्होंने कहा कि अपनी संस्कृति को दुनिया भर में पहुंचाने के साथ-साथ पूरी दुनिया में रहने वाले अपने प्रवासियों के लिए भी सरकार एक कार्यक्रम का आयोजन करती है जिससे अपने लोगों से जुड़ाव रहे।
राजनेता को होना चाहिए सरल, सभी बेटियां बने लीडर
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने संबोधन के दौरान कहा कि एक राजनेता को अपने लोगों के बीच से आना चाहिए जो उनको अच्छी तरह समझता हो और उसका स्वभाव सरल हो लेकिन जब राज्य हित में फैसला लेने हो तो उनका संकल्प पूरी तरह से दृढ़ हो फिर चाहे इसके लिए उन्हें कोई भी कड़ा फैसला क्यों ना लेना पड़े। कार्यक्रम में संवाद के दौरान मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि वह चाहते हैं कि उत्तराखंड की सभी बेटियों नेता बने उन्होंने कहा कि वह चाहते हैं कि सभी बेटियों राजनीति में नहीं बल्कि जिस भी क्षेत्र में जाएं उसे क्षेत्र में महारत हासिल करें।

